मौत से क्या डरना यारों, मौत तो इक दिन आनी है
हस्ते-हस्ते जी लो जिन्दगी, यही तो जिनंदगानी है
कल की सोचकर हैं बैठे, यही इक परेशानी है
नहीं रहेगा कल जब समय, समय तो बहता पानी है
आज जो हैं खुशियां, वो कल मिट्टी में मिल जानी हैं
तरसोगे जब कल तुम इनको, हाथ में ना आनी है
एक झमेला है दुनियां का, जिसकी रीत पुरानी है
भर लो जितनी जेबें भरनी, जेबें तो खाली जानी हैं
कोई कहे मुझसे, सुन मेरी इक परेशानी है
घर में नहीं है पैसा, पर भेलपुरी खानी है
मैनें कहा सुन मेरी बात, दुनिया पैसे की दीवानी है
सोच-समझकर कर खर्च, बचत कहीं नहीं जानी है
मौत से क्या डरना यारों, मौत तो इक दिन आनी है
हस्ते-हस्ते जी लो जिन्दगी, यही तो जिनंदगानी है
हस्ते-हस्ते जी लो जिन्दगी, यही तो जिनंदगानी है
कल की सोचकर हैं बैठे, यही इक परेशानी है
नहीं रहेगा कल जब समय, समय तो बहता पानी है
आज जो हैं खुशियां, वो कल मिट्टी में मिल जानी हैं
तरसोगे जब कल तुम इनको, हाथ में ना आनी है
एक झमेला है दुनियां का, जिसकी रीत पुरानी है
भर लो जितनी जेबें भरनी, जेबें तो खाली जानी हैं
कोई कहे मुझसे, सुन मेरी इक परेशानी है
घर में नहीं है पैसा, पर भेलपुरी खानी है
मैनें कहा सुन मेरी बात, दुनिया पैसे की दीवानी है
सोच-समझकर कर खर्च, बचत कहीं नहीं जानी है
मौत से क्या डरना यारों, मौत तो इक दिन आनी है
हस्ते-हस्ते जी लो जिन्दगी, यही तो जिनंदगानी है
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